सिरसा/हरियाणा।
हरियाणा के सिरसा जिले में पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए ट्यूबवेल की बिजली तार चोरी करने वाले एक सक्रिय गिरोह का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने गिरोह के 5 सदस्यों को गिरफ्तार किया है, जिन्होंने पूछताछ में 100 से अधिक चोरी की वारदातों को कबूल किया है।
कैसे हुआ खुलासा?
पुलिस के अनुसार, पिछले कई महीनों से ग्रामीण क्षेत्रों में किसानों के ट्यूबवेल से बिजली की तार चोरी होने की लगातार शिकायतें मिल रही थीं। इससे किसान भारी परेशान थे, क्योंकि सिंचाई व्यवस्था बाधित हो रही थी और हजारों रुपये का नुकसान उठाना पड़ रहा था।
मामले की गंभीरता को देखते हुए विशेष टीम गठित की गई। तकनीकी जांच और मुखबिर की सूचना के आधार पर पुलिस ने छापेमारी कर पांच आरोपियों को दबोच लिया।
हरियाणा और राजस्थान में फैलाया जाल
प्रारंभिक पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि वे सिर्फ हरियाणा ही नहीं बल्कि पड़ोसी राज्य राजस्थान के कई जिलों में भी ट्यूबवेल की बिजली तार चोरी की वारदातों को अंजाम दे चुके हैं। गिरोह रात के समय सुनसान खेतों को निशाना बनाता था।
चोरी की गई तारों को काटकर कबाड़ी बाजार में बेच दिया जाता था। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से भारी मात्रा में तांबे की तार और चोरी में इस्तेमाल वाहन भी बरामद किया है।
किसानों को मिल सकती है राहत
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि गिरोह की गिरफ्तारी से क्षेत्र में ट्यूबवेल चोरी की घटनाओं में कमी आने की उम्मीद है। साथ ही अन्य संभावित सदस्यों की तलाश जारी है।
आगे की कार्रवाई
आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में केस दर्ज कर लिया गया है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि चोरी का माल किन-किन कबाड़ियों को बेचा गया।
इस कार्रवाई से किसानों में राहत की भावना है, क्योंकि लंबे समय से वे इस गिरोह की वजह से आर्थिक नुकसान झेल रहे थे। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि संदिग्ध गतिविधि दिखने पर तुरंत सूचना दें, ताकि ऐसी घटनाओं पर समय रहते रोक लगाई जा सके।
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