मुख्यमंत्री नायब सैनी ने प्री-बजट बैठक में किया डिजिटल प्लेटफॉर्म का शुभारंभ
हरियाणा के आगामी बजट को लेकर गुरुग्राम में आयोजित प्री-बजट मंथन में मुख्यमंत्री नायब सैनी शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने एक नई पहल करते हुए AI आधारित बजट जनभागीदारी पोर्टल लॉन्च किया। इस पोर्टल के जरिए अब आम लोग सीधे सरकार तक अपने सुझाव और अपेक्षाएं पहुंचा सकेंगे। खास बात यह है कि नागरिक हरियाणवी भाषा में भी सुझाव दर्ज कर सकेंगे, जिससे ग्रामीण और स्थानीय लोगों की भागीदारी और मजबूत होने की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि बजट केवल आंकड़ों का दस्तावेज नहीं होता, बल्कि यह जनता की जरूरतों और आकांक्षाओं का प्रतिबिंब होना चाहिए। इसी सोच के तहत सरकार ने तकनीक का सहारा लेकर जनभागीदारी को बढ़ावा देने का फैसला किया है। AI आधारित यह पोर्टल प्राप्त सुझावों का विश्लेषण कर प्राथमिकताओं को समझने में मदद करेगा, ताकि योजनाएं जमीनी जरूरतों के अनुरूप बनाई जा सकें।
प्री-बजट मंथन में उद्योग, शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि और स्टार्टअप सेक्टर से जुड़े प्रतिनिधियों ने भी अपने विचार रखे। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का फोकस रोजगार सृजन, युवाओं के कौशल विकास और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने पर रहेगा। उन्होंने भरोसा दिलाया कि मिले हुए सुझावों को गंभीरता से लेकर बजट में शामिल करने का प्रयास किया जाएगा।
सरकार के अनुसार, इस पोर्टल से न केवल शहरी बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों के लोग भी सीधे जुड़ पाएंगे। मोबाइल और इंटरनेट के माध्यम से आसानी से अपनी बात रखना संभव होगा। इससे पारदर्शिता बढ़ेगी और लोगों में यह विश्वास मजबूत होगा कि उनकी राय नीति निर्माण में अहम भूमिका निभा रही है।
विशेषज्ञों का मानना है कि AI के उपयोग से सुझावों का वर्गीकरण और विश्लेषण अधिक प्रभावी होगा, जिससे सरकार को यह समझने में मदद मिलेगी कि किन क्षेत्रों में तत्काल ध्यान देने की जरूरत है। कुल मिलाकर, यह पहल हरियाणा में बजट प्रक्रिया को अधिक लोकतांत्रिक और सहभागी बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
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