लोकतंत्र का चौथा स्तंभ है पत्रकारिता : डॉ जंग बहादुर पांडेय

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कोरापुट : ओडिशा केंद्रीय विश्वविद्यालय, कोरापुट के पत्रकारिता और जनसंचार विभाग में गुरूवार को एक संगोष्ठी का आयोजन हुआ। संगोष्ठी का विषय था पत्रकारिता का दायित्व। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप मे बोलते हुए हिंदी विभाग के अतिथि प्राध्यापक डॉ जेबी पाण्डेय ने कहा कि जन-जन तक सूचनाओं को पहुंचाने की हर कोशिश का नाम पत्रकारिता है। उन्होंने कहा कि पत्रकारिता लोकतंत्र का चौथा प्रबल स्तंभ है।पत्रकारिता जनता और सरकार के बीच सांस्कृतिक संवाद का महासेतु है। श्री पांडेय ने कहा कि पत्रकारिता को निष्पक्ष और स्वतंत्र होना चाहिए।नारद भारत के पहले पत्रकार और वेद व्यास प्रथम संपादक हैं।पत्रकारिता की शक्ति की चर्चा करते हुए उन्होंने अकबर इलाहाबादी की पंक्तियां उद्धृत कीं।

झुक जाती है सरकार भी  अखबार के आगे,

झुक जाती है तलवार भी अखबार के आगे।

श्री पांडेय ने कहा कि पत्रकारिता में वह शक्ति छिपी हुई है जो तोप, तलवार और बम के गोलों में भी नहीं पाई जाती है।रांगेय राघव ने ठीक ही कहा है कि

खीचों न कमानो को न तलवार निकालो।

जब तोप मुकाबिल हो तो अखबार निकालो।

संगोष्ठी की अध्यक्षता करते हुए हिंदी के अतिथि प्राध्यापक डा हेमराज मीणा ने कहा कि पत्रकारिता की डगर तलवार के धार पर चलने जैसी है।पत्रकार को निष्पक्ष और निडर होना चाहिए तभी वे जनता की बात सरकार तक रख पायेंगे। इस अवसर पर डॉ सोनी पाढ़ी, डॉ तलत जहां बेगम, डॉ देवब्रत, देवेंद्र रागूला तथा बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे। कार्यक्रम में आगत अतिथियों का भव्य स्वागत अध्यक्ष डॉ सौरभ गुप्ता ने तथा संचालन अंकिता दास ने किया।

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