हांसी में मुआवजा विवाद पर भड़के किसान, हाईटेंशन लाइन का काम रुकवाया
हांसी क्षेत्र में हाईटेंशन बिजली लाइन बिछाने को लेकर किसानों का विरोध तेज हो गया है। मुआवजा न मिलने से नाराज किसानों ने मौके पर पहुंचकर निर्माण कार्य रुकवा दिया और प्रशासन के खिलाफ जमकर रोष जताया। किसानों का कहना है कि उनकी उपजाऊ कृषि भूमि से होकर हाईटेंशन लाइन निकाली जा रही है, लेकिन अब तक उन्हें न तो उचित मुआवजा दिया गया और न ही कोई लिखित आश्वासन मिला है।
जानकारी के अनुसार, संबंधित विभाग द्वारा खेतों के ऊपर से हाईटेंशन लाइन डालने का काम शुरू किया गया था। जैसे ही किसानों को इसकी सूचना मिली, वे बड़ी संख्या में मौके पर पहुंच गए और काम कर रहे कर्मचारियों को रोक दिया। किसानों का कहना है कि बिजली के ऊंचे टावर और लाइनें लगने से उनकी जमीन की कीमत घटेगी, खेती प्रभावित होगी और भविष्य में जमीन का उपयोग भी सीमित हो जाएगा।
प्रदर्शन कर रहे किसानों ने साफ कहा कि जब तक मुआवजे का भुगतान नहीं किया जाता, तब तक वे किसी भी हालत में काम नहीं होने देंगे। किसानों का आरोप है कि पहले भी अधिकारियों से कई बार बात की गई, लेकिन सिर्फ आश्वासन ही मिले, जमीन पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। इससे किसानों में गहरा असंतोष है।
किसानों ने चेतावनी दी कि यदि प्रशासन ने जल्द उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। जरूरत पड़ने पर वे तहसील और जिला स्तर पर भी प्रदर्शन करेंगे। किसानों ने यह भी कहा कि वे विकास के विरोधी नहीं हैं, लेकिन उनकी जमीन का इस्तेमाल बिना मुआवजे के करना अन्याय है।
मौके पर पहुंची स्थानीय पुलिस और प्रशासन के अधिकारियों ने किसानों को समझाने का प्रयास किया। अधिकारियों ने कहा कि मुआवजे से संबंधित प्रक्रिया चल रही है और जल्द समाधान निकालने की कोशिश की जाएगी। हालांकि, किसानों ने लिखित आश्वासन और मुआवजे की स्पष्ट समयसीमा तय करने की मांग की।
फिलहाल किसानों के विरोध के चलते हाईटेंशन लाइन का काम पूरी तरह से ठप पड़ा हुआ है। प्रशासन और बिजली विभाग के लिए यह मामला चुनौती बन गया है, क्योंकि अगर जल्द समाधान नहीं हुआ तो क्षेत्र में आंदोलन और बड़ा रूप ले सकता है।
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