रोहतक में कथित नीट पेपर लीक मामले को लेकर छात्रों और विभिन्न संगठनों में भारी रोष देखने को मिला। प्रदर्शनकारियों ने विरोध जताते हुए परीक्षा एजेंसी के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और प्रतीकात्मक रूप से पुतला फूंका। प्रदर्शनकारियों ने मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग उठाई।
प्रदर्शन के दौरान छात्रों और युवाओं ने आरोप लगाया कि प्रतियोगी परीक्षाओं में लगातार गड़बड़ियां सामने आ रही हैं, जिससे मेहनत करने वाले अभ्यर्थियों का भविष्य प्रभावित हो रहा है। उनका कहना था कि अगर समय रहते सख्त कदम नहीं उठाए गए तो युवाओं का भरोसा परीक्षा प्रणाली से उठ जाएगा।
प्रदर्शनकारियों ने यह भी आरोप लगाया कि भ्रष्टाचार और पेपर लीक जैसी घटनाएं प्रशासनिक संरक्षण के बिना संभव नहीं हैं। उन्होंने कहा कि यदि मामले में शामिल लोगों के खिलाफ कठोर कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में छात्र और सामाजिक संगठनों के सदस्य मौजूद रहे। लोगों ने हाथों में तख्तियां लेकर पारदर्शी परीक्षा व्यवस्था की मांग की। कई वक्ताओं ने कहा कि देशभर में प्रतियोगी परीक्षाओं की विश्वसनीयता बनाए रखने के लिए मजबूत निगरानी तंत्र और जवाबदेही जरूरी है।
मौके पर मौजूद पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को शांतिपूर्वक ज्ञापन सौंपने की अपील की। प्रदर्शन शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुआ, हालांकि छात्रों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया तो आने वाले समय में बड़ा आंदोलन किया जाएगा।
फिलहाल संबंधित एजेंसियों द्वारा मामले की जांच जारी है। छात्र संगठनों का कहना है कि युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाना चाहिए।
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