हरियाणा में शुरू होगा पहला बैरियर-फ्री टोल, बिना रुके होगा सफर

10
Barrier Free Toll

हरियाणा में परिवहन व्यवस्था को और अधिक आधुनिक बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। प्रदेश में पहला बैरियर-फ्री टोल सिस्टम शुरू किया जा रहा है, जिसके तहत वाहन चालकों को टोल प्लाजा पर रुकने की आवश्यकता नहीं होगी। नई तकनीक के माध्यम से वाहनों की पहचान कर स्वचालित रूप से टोल शुल्क वसूला जाएगा, जिससे यात्रा पहले की तुलना में अधिक तेज और सुविधाजनक हो सकेगी।

इस नई व्यवस्था में हाई-टेक कैमरे और ऑटोमेटिक नंबर प्लेट रिकग्निशन (ANPR) तकनीक का उपयोग किया जाएगा। जैसे ही वाहन टोल क्षेत्र से गुजरेगा, सिस्टम उसकी नंबर प्लेट को स्कैन कर संबंधित खाते से टोल राशि काट लेगा। इससे लंबी कतारों, ट्रैफिक जाम और समय की बर्बादी में कमी आने की उम्मीद है।

अधिकारियों के अनुसार यदि कोई वाहन चालक नंबर प्लेट के साथ छेड़छाड़ करता है, नंबर अस्पष्ट रखता है या पहचान छिपाने की कोशिश करता है, तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा सकती है। ऐसे मामलों में चालान के साथ अन्य दंडात्मक कदम भी उठाए जा सकते हैं। इसलिए वाहन मालिकों को मानक नियमों के अनुसार नंबर प्लेट रखने की सलाह दी गई है।

जरूरी सवाल-जवाब

प्रश्न: बैरियर-फ्री टोल क्या है?
उत्तर: यह ऐसी व्यवस्था है जिसमें वाहन को टोल प्लाजा पर रुकना नहीं पड़ता और टोल राशि स्वचालित रूप से वसूल हो जाती है।

प्रश्न: टोल कैसे कटेगा?
उत्तर: कैमरे और डिजिटल पहचान प्रणाली वाहन की नंबर प्लेट पढ़कर शुल्क वसूलेंगे।

प्रश्न: क्या FASTag की जरूरत रहेगी?
उत्तर: संबंधित प्राधिकरण द्वारा जारी अंतिम दिशा-निर्देशों के अनुसार व्यवस्था संचालित होगी। कुछ स्थानों पर FASTag और ANPR तकनीक दोनों का उपयोग किया जा सकता है।

प्रश्न: नियमों का उल्लंघन करने पर क्या होगा?
उत्तर: नंबर प्लेट से छेड़छाड़ या गलत जानकारी मिलने पर चालान और अन्य कानूनी कार्रवाई हो सकती है।

विशेषज्ञों का मानना है कि यह व्यवस्था सड़क परिवहन को अधिक स्मार्ट, पारदर्शी और समय बचाने वाला बनाएगी। आने वाले समय में ऐसी तकनीक अन्य टोल मार्गों पर भी लागू की जा सकती है।

Loading