बाहर के अस्पताल भी शामिल
Haryana सरकार ने अपने कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को बड़ी राहत देते हुए स्वास्थ्य सेवाओं का दायरा बढ़ा दिया है। नए फैसले के तहत अब राज्य के कर्मचारी और पेंशनर पड़ोसी राज्य Punjab के चार प्रमुख अस्पतालों में भी इलाज करवा सकेंगे। इस निर्णय का उद्देश्य गंभीर बीमारियों से जूझ रहे मरीजों को बेहतर और विशेषज्ञ चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराना है।
सरकारी सूत्रों के अनुसार इस व्यवस्था के तहत कैंसर और लिवर से संबंधित गंभीर बीमारियों का उपचार भी कवर किया जाएगा। इन बीमारियों के इलाज के लिए अक्सर विशेष चिकित्सा सुविधाओं और विशेषज्ञ डॉक्टरों की जरूरत होती है। ऐसे में राज्य सरकार का यह कदम कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए काफी लाभदायक माना जा रहा है।
अधिकारियों का कहना है कि कई बार गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए मरीजों को बड़े और विशेष अस्पतालों में जाना पड़ता है। ऐसे मामलों में मरीजों को वित्तीय और प्रशासनिक परेशानियों का सामना करना पड़ता था। नई व्यवस्था के लागू होने के बाद पात्र लाभार्थी इन अस्पतालों में निर्धारित नियमों के अनुसार उपचार प्राप्त कर सकेंगे।
सरकार का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि राज्य के कर्मचारियों और पेंशनरों को समय पर और गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा सुविधा मिल सके। खासकर कैंसर और लिवर रोग जैसे गंभीर मामलों में समय पर इलाज बेहद जरूरी होता है।
स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने बताया कि इस फैसले के बाद संबंधित अस्पतालों में इलाज कराने की प्रक्रिया को भी स्पष्ट किया जाएगा, ताकि लाभार्थियों को किसी प्रकार की दिक्कत न हो। इसके लिए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए जाएंगे और विभागीय स्तर पर समन्वय स्थापित किया जाएगा।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस निर्णय से कर्मचारियों और पेंशनरों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिलेंगी और गंभीर बीमारियों के उपचार में उन्हें अधिक विकल्प उपलब्ध होंगे। सरकार का यह कदम स्वास्थ्य सुविधाओं को सुलभ और प्रभावी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
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