हरियाणा में बिजली कर्मचारियों की प्रस्तावित हड़ताल को लेकर आज अहम फैसला हो सकता है। कर्मचारियों और सरकार के बीच दोपहर 12 बजे अंतिम बैठक होने वाली है। यह बैठक बिजली मंत्री अनिल विज के साथ होगी। बैठक में कर्मचारियों की मांगों और बिजली कंपनियों से जुड़े विवाद पर चर्चा की जाएगी।
बिजली कर्मचारी लंबे समय से अपनी विभिन्न मांगों को लेकर सरकार के सामने आवाज उठा रहे हैं। कर्मचारियों का आरोप है कि उनकी मांगों पर पर्याप्त कार्रवाई नहीं हुई है। इसी के चलते हड़ताल का ऐलान किया गया था।
अब सरकार और कर्मचारियों के बीच होने वाली अंतिम बैठक को काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। यदि बातचीत में सहमति बनती है तो प्रस्तावित हड़ताल टल सकती है। वहीं मांगों पर समाधान नहीं निकलने की स्थिति में कर्मचारी आंदोलन को आगे बढ़ाने का फैसला कर सकते हैं।
बैठक में बिजली कंपनियों को लेकर कर्मचारियों की आपत्तियां भी प्रमुख मुद्दा रहेंगी। कर्मचारी कंपनियों की कार्यप्रणाली और उनसे जुड़े कुछ फैसलों का विरोध कर रहे हैं। उनका कहना है कि इन फैसलों का असर कर्मचारियों के हितों और बिजली व्यवस्था पर पड़ सकता है।
सरकार की ओर से बातचीत के जरिए विवाद सुलझाने का प्रयास किया जा रहा है। दोपहर 12 बजे होने वाली बैठक में कर्मचारी संगठनों के प्रतिनिधि अपनी मांगें और आपत्तियां मंत्री के सामने रखेंगे।
बिजली कर्मचारियों की हड़ताल का सीधा असर प्रदेश की बिजली आपूर्ति और उपभोक्ताओं से जुड़ी सेवाओं पर पड़ सकता है। ऐसे में सरकार भी किसी तरह की परेशानी से बचने के लिए बातचीत के जरिए समाधान निकालना चाहती है।
बैठक के बाद यह स्पष्ट होगा कि कर्मचारियों की हड़ताल स्थगित होती है या आंदोलन का रास्ता आगे जारी रहता है। बिजली विभाग और आम उपभोक्ताओं की नजरें अब इस बैठक के नतीजे पर टिकी हैं।
फिलहाल दोपहर 12 बजे होने वाली बैठक को हड़ताल के संबंध में अंतिम दौर की बातचीत माना जा रहा है। सरकार और कर्मचारी संगठनों के बीच सहमति बनती है या नहीं, इसका फैसला बैठक के बाद सामने आएगा।
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