हरियाणा में मौसम फिर बदलेगा करवट, 12 जिलों में बारिश के आसार; किसानों को जल निकासी पर ध्यान देने की सलाह

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Haryana Weather

हरियाणा में मानसून की गतिविधियों के बीच अगले दिनों में मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है। प्रदेश के 12 जिलों में बारिश के आसार जताए गए हैं। हालांकि मौसम विभाग के अनुसार मानसून अगले दो दिनों तक कुछ कमजोर रह सकता है। इस दौरान कई इलाकों में बादल छाए रहने और हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना बनी हुई है।

बारिश के चलते प्रदेश के कई हिस्सों में तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। मौसम में ठंडक बढ़ने से लोगों को गर्मी से कुछ राहत मिली है। हालांकि उमस का असर कुछ इलाकों में बना रह सकता है। मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक स्थानीय परिस्थितियों के आधार पर अलग-अलग जिलों में बारिश की तीव्रता में अंतर देखने को मिल सकता है।

मौसम में बदलाव का असर किसानों पर भी पड़ सकता है। कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को खेतों में जल निकासी की व्यवस्था दुरुस्त रखने की सलाह दी है। जिन खेतों में पहले से पानी जमा है, वहां अतिरिक्त पानी निकालने की व्यवस्था करने को कहा गया है, ताकि फसलों को नुकसान से बचाया जा सके।

विशेषज्ञों के अनुसार लगातार या तेज बारिश होने पर खेतों में जलभराव की समस्या बढ़ सकती है। खासकर निचले इलाकों में पानी लंबे समय तक जमा रहने से फसलों की जड़ों पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है। इसलिए किसान समय रहते खेतों की नालियों और निकासी मार्गों की सफाई कर लें।

शहरी इलाकों में भी बारिश के दौरान जलभराव और यातायात प्रभावित होने की स्थिति बन सकती है। प्रशासन की ओर से जल निकासी व्यवस्था पर नजर रखने की जरूरत है। निचले इलाकों और जलभराव वाले स्थानों पर विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।

मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक अगले दो दिनों में मानसून की गतिविधियां अपेक्षाकृत कम रह सकती हैं, लेकिन इसके बाद फिर बारिश का दौर सक्रिय होने की संभावना बन सकती है। ऐसे में मौसम लगातार बदलता रहेगा और लोगों को स्थानीय मौसम अपडेट पर नजर रखने की सलाह दी गई है।

बारिश के दौरान किसानों को खेतों में अनावश्यक सिंचाई से बचने और फसलों की स्थिति पर लगातार नजर रखने को कहा गया है। वहीं तेज हवा और बिजली चमकने की स्थिति में खुले स्थानों पर जाने से बचना जरूरी है।

प्रदेश में मानसून के इस बदलते मिजाज के बीच किसानों और आम लोगों के लिए सावधानी बरतना जरूरी है। बारिश जहां फसलों और मौसम के लिए राहत लेकर आती है, वहीं अत्यधिक पानी जमा होने पर नुकसान की स्थिति भी पैदा हो सकती है।

फिलहाल 12 जिलों में बारिश की संभावना और अगले दो दिनों में मानसून के कमजोर रहने के पूर्वानुमान के बीच मौसम पर सभी की नजर बनी हुई है। किसानों को जल निकासी की व्यवस्था मजबूत रखने की सलाह दी गई है, ताकि संभावित बारिश के दौरान फसलों को नुकसान से बचाया जा सके।

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