शहीद भगत सिंह की जयंती पर एनएसयूआई ने करनाल में सोमवार देर रात मशाल मार्च निकाला। कार्यक्रम में रोहतक के सांसद दीपेंद्र हुड्डा शामिल हुए। कार्यकर्ताओं ने उनका स्वागत किया और भगत सिंह की प्रतिमा पर पहुंचकर उन्हें श्रद्धांजलि दी। प्रतिमा तक जाने वाले रास्ते में जलभराव भी था। कार्यक्रम के दौरान हुड्डा ने भगत सिंह के परिवार से अपने पारिवारिक संबंधों का जिक्र किया और शहर की स्थिति को लेकर सरकार पर सवाल उठाए।
दीपेंद्र हुड्डा ने कहा कि भगत सिंह के चाचा सरदार अजीत सिंह और उनके परदादा चौधरी माथुराम ने आजादी के आंदोलन में साथ काम किया था। उन्होंने पगड़ी संभाल जट्टा आंदोलन का उल्लेख करते हुए दोनों परिवारों के पुराने संबंध बताए। हुड्डा ने कहा कि भगत सिंह का बलिदान देश के लिए प्रेरणा है और उनकी जयंती पर लोगों को उनके विचारों तथा संघर्ष को याद करना चाहिए।
सांसद ने भाजपा पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि पार्टी के विधायक और मंत्री अवैध कॉलोनियां विकसित कर रहे हैं। उन्होंने दीन दयाल कॉलोनी योजना का भी जिक्र किया। ये राजनीतिक आरोप हैं; कार्यक्रम में सरकार या भाजपा की ओर से इन पर कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई।
करनाल में जलभराव पर हुड्डा ने कहा कि बारिश के दिनों में शहर के लोगों को परेशानी झेलनी पड़ती है। यूथ कांग्रेस नेताओं दिलावर सिंह और नवनीत रंधावा के अनुसार, पानी भरी सड़कों के कारण मशाल मार्च के निर्धारित रास्ते में बदलाव करना पड़ा और कार्यक्रम को तीन स्थानों पर स्थानांतरित किया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि शहर में लोगों की आवाजाही तक प्रभावित हुई।
एनएसयूआई के राष्ट्रीय अध्यक्ष विनोद जाखड़ ने भी कार्यक्रम में संबोधन दिया। उन्होंने युवाओं से राहुल गांधी के नेतृत्व में एकजुट होने की अपील की और चुनाव आयोग से जुड़े मुद्दों पर आंदोलन की बात कही। कार्यक्रम में स्वतंत्रता सेनानियों को श्रद्धांजलि देने के साथ स्थानीय जलभराव और मौजूदा राजनीतिक मुद्दों पर नेताओं ने अपने विचार रखे।
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