हरियाणा के फरीदाबाद में नगर निगम के दो अधिकारियों—एसडीओ (SDO) और जोनल टैक्सेशन ऑफिसर (ZTO)—के खिलाफ राज्य सूचना आयोग ने वारंट जारी किए हैं। आयोग ने दोनों अधिकारियों को निर्धारित तिथि पर अपने समक्ष पेश होने के निर्देश दिए हैं। मामले को लेकर पुलिस आयुक्त को भी आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए पत्र भेजा गया है।
जानकारी के अनुसार, यह कार्रवाई सूचना के अधिकार (RTI) से जुड़े एक मामले में आयोग के आदेशों का पालन नहीं किए जाने अथवा निर्धारित प्रक्रिया का अनुपालन न होने के संदर्भ में की गई है। आयोग ने मामले को गंभीर मानते हुए अधिकारियों की व्यक्तिगत उपस्थिति आवश्यक बताई है। हालांकि, संबंधित अधिकारियों का पक्ष अभी सार्वजनिक रूप से सामने नहीं आया है।
राज्य सूचना आयोग ने अपने निर्देशों में कहा है कि आदेशों की प्रभावी पालना सुनिश्चित करने के लिए संबंधित अधिकारियों को आयोग के समक्ष उपस्थित होना होगा। इसी क्रम में पुलिस आयुक्त को भी पत्र भेजकर आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराने को कहा गया है, ताकि आयोग के आदेशों का पालन सुनिश्चित किया जा सके।
सूचना का अधिकार अधिनियम का उद्देश्य सरकारी कार्यों में पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ाना है। आयोग समय-समय पर ऐसे मामलों में सुनवाई कर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश जारी करता है। यदि किसी मामले में आदेशों का पालन नहीं होता, तो आयोग कानून के तहत उपलब्ध प्रावधानों के अनुसार कार्रवाई कर सकता है।
फिलहाल इस मामले की अगली सुनवाई का इंतजार किया जा रहा है। आयोग के समक्ष दोनों अधिकारियों की पेशी के बाद ही मामले की आगे की दिशा स्पष्ट होगी। वहीं, संबंधित विभाग और प्रशासन की ओर से भी आगामी कार्रवाई पर नजर बनी हुई है।
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