ग्रामीण इलाकों में दिखा मतदान का उत्साह, शहरों में फीका रहा चुनावी माहौल

3
Haryana Elections

नगर निकाय और स्थानीय चुनावों के दौरान इस बार ग्रामीण क्षेत्रों में मतदाताओं का जबरदस्त उत्साह देखने को मिला, जबकि शहरों के कई बूथों पर मतदान की रफ्तार काफी धीमी रही। भाजपा और कांग्रेस प्रत्याशियों के बूथों पर दिनभर मतदाताओं की कम भीड़ दिखाई दी, जिससे शहरी इलाकों में चुनावी माहौल अपेक्षाकृत शांत नजर आया। वहीं गांवों में लोगों ने बढ़-चढ़कर मतदान में हिस्सा लिया और कई क्षेत्रों में करीब 90 प्रतिशत तक वोटिंग दर्ज की गई।

सुबह मतदान शुरू होने के साथ ही ग्रामीण बूथों पर लंबी कतारें लगनी शुरू हो गई थीं। महिलाओं, बुजुर्गों और युवाओं में मतदान को लेकर खासा उत्साह देखने को मिला। कई गांवों में लोगों ने इसे लोकतंत्र का पर्व बताते हुए बढ़-चढ़कर भागीदारी निभाई। दूसरी ओर शहरों के अधिकांश बूथों पर दोपहर तक भीड़ कम रही और कई जगह मतदान केंद्र सूने दिखाई दिए।

राजनीतिक दलों के कार्यकर्ता लगातार मतदाताओं को बूथ तक लाने का प्रयास करते रहे, लेकिन शहरी क्षेत्रों में अपेक्षित प्रतिक्रिया नहीं मिल सकी। चुनाव विशेषज्ञों का मानना है कि गर्म मौसम, व्यस्त दिनचर्या और मतदाताओं की उदासीनता शहरी मतदान कम होने के प्रमुख कारण हो सकते हैं।

प्रशासन की ओर से मतदान प्रक्रिया को शांतिपूर्ण और पारदर्शी बनाए रखने के लिए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। कई संवेदनशील बूथों पर पुलिस बल तैनात रहा और अधिकारियों ने लगातार स्थिति पर नजर बनाए रखी। मतदान समाप्त होने के बाद ईवीएम को कड़ी सुरक्षा के बीच स्ट्रांग रूम में पहुंचा दिया गया है।

अब सभी प्रत्याशियों और समर्थकों की नजर मतगणना पर टिकी हुई है, जो कल होगी। चुनाव परिणाम यह तय करेंगे कि ग्रामीण क्षेत्रों का भारी मतदान किस दल के पक्ष में गया और शहरों की कम भागीदारी का असर किसे भुगतना पड़ सकता है।

Loading