फतेहाबाद में जब्त की गई शराब की पेटियों के गायब होने के मामले ने पुलिस विभाग में हलचल मचा दी है। मामले की गंभीरता को देखते हुए एक पुलिस अधिकारी के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। घटना सामने आने के बाद जिला पुलिस प्रशासन ने जांच को प्राथमिकता देते हुए वरिष्ठ अधिकारी को इसकी जिम्मेदारी सौंप दी है। साथ ही संबंधित थाने के स्टाफ में भी बदलाव किया गया है।
जानकारी के अनुसार पुलिस द्वारा जब्त की गई शराब को नियमानुसार सुरक्षित रखा गया था, लेकिन बाद में स्टॉक की जांच के दौरान कुछ पेटियां गायब मिलने की बात सामने आई। इस मामले की प्रारंभिक जांच में लापरवाही और प्रक्रियागत खामियों की आशंका जताई गई, जिसके बाद विभागीय स्तर पर कार्रवाई शुरू की गई।
जिला पुलिस प्रमुख ने मामले की निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने के लिए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ASP) को जांच की जिम्मेदारी सौंपी है। जांच अधिकारी रिकॉर्ड, जब्ती दस्तावेज, मालखाना रजिस्टर और संबंधित कर्मचारियों की भूमिका की विस्तार से जांच करेंगे। इसके अलावा उपलब्ध तकनीकी और दस्तावेजी साक्ष्यों की भी समीक्षा की जाएगी।
मामले के सामने आने के बाद संबंधित थाने के स्टाफ में फेरबदल किया गया है। अधिकारियों का मानना है कि जांच को प्रभावित होने से बचाने और पारदर्शिता बनाए रखने के लिए यह कदम जरूरी था। विभागीय स्तर पर भी जिम्मेदारियों और प्रक्रियाओं की समीक्षा की जा रही है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी तरह निष्पक्ष तरीके से की जाएगी और यदि किसी स्तर पर अनियमितता या लापरवाही साबित होती है, तो संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पूरे मामले की बारीकी से जांच जारी है और रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।
इस घटना ने जब्त सामान की सुरक्षा और पुलिस रिकॉर्ड प्रबंधन व्यवस्था को लेकर भी कई सवाल खड़े किए हैं। विभाग अब ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए प्रक्रियाओं को और मजबूत बनाने पर भी विचार कर रहा है।
![]()











